Tuesday, November 25, 2008

भाजपा नकारात्मक राजनीति करती है-प्रकाश जायसवाल मंत्री

      सीहोर 24 नवम्बर (नि.सं.)। भाजपा नकारात्मक राजनीति और नफरत के आधार पर सत्ता पर काबिज रहना चाहती है। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह जी के दामन पर कभी कोई दाग नहीं है। राष्ट्रीय नेत्री सोनिया जी पर भी कोई दाग नहीं है और उन्होने बहुमत के बावजूद प्रधानमंत्री का पद ठुकरा दिया। कांग्रेस में ही ऐसे नेता मौजूद हैं जबकि भाजपा नकारात्मक राजनीति और नफरत के आधार पर लोगों को लड़ा कर सत्ता पर काबिज रहना चाहती है। आपको तरक्की और विकास के रास्ते पर जाने के लिये कांग्रेस को विजयी बनाना है। यह उद्गार केन्द्रीय गृहमंत्री प्रकाश जायसवाल ने स्थानीय कोतवाली चौराहे पर रात 8 बजे आयोजित एक आमसभा को संबोधित करते हुए व्यक्त किये।

      श्री जायसवाल ने कहा कि देश को बिजली संकट से उबारने के लिये यूपीए सरकार द्वारा अमेरिका से परमाणु करार किया गया लेकिन कम्युनिस्टों के साथ भाजपा ने भी इसका विरोध किया। कल तक यह लोग वर्ग विशेष पर आतंक फैलाने का आरोप मढ़ते रहे अब ये कह रहे हैं कि आतंकवादियों का कोई धर्म नहीं होता है जबकि कांग्रेस सदैव ही यह कहती रही है कि आतंकवाद का मुद्दा किसी धर्म विशेष से जुड़ा हुआ नहीं है। भाजपा ने मंहगाई को मुद्दा बनाया लेकिन अब उसमें 25 फीसदी की गिरावट आई है और बहुत जल्दी हम मंहगाई पर काबू पा लेंगे। प्रदेश के मुख्यमंत्री सहित मंत्रियों की पूरी फौज है जिसमें भ्रष्टाचार की समूचे देश में मिसाल कायम की। यूपीए सरकार ने लोगों को रोजगार की गारंटी दी है 72 हजार करोड़ रुपये के किसानों के कर्ज माफ किये हैं विकास का रास्ता सिर्फ कांग्रेस के पास है।

      भाजपा ने हर चुनाव में अपने मुद्दे बदले हैं आपको इस हकीकत से वाकिफ होना है। शांति,  सदभाव और विकास के लिये कांग्रेस प्रत्याशी को चुनाव चिन्ह हाथ के पंजे का बटन दबाकर विजय बनाईये। इसके पूर्व राजस्थान के मशहूर कवि चारण की देश भक्ति एवं भाजपा की कथनी-करनी पर आधारित ओजस्वी गान को लोगों ने काफी सराहा। आमसभा को कांग्रेस मीडिया प्रभारी संतोष सिंह, राजेन्द्र वर्मा, अधिवक्ता के.यू.कुरैशी ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ कांग्रेस नेता ओमदीप ने किया एवं आभार राजेश आजाद ने माना। आमसभा में बड़ी संख्या में नागरिकगण मौजूद थे। श्री जायसवाल के संबोधन के दौरान नागरिकों ने अनेकों बार तालियाँ बजाई। कांग्रेस प्रत्याशी के पक्ष में नारे लगाये। इस मौके पर कांग्रेस नेता अक्षत कासट, मुकेश ठाकुर, नरेन्द्र खंगराले आदि लोग मौजूद थे।

कोई कह दे मैने रुपये लिये हैं तो संयास ले लूंगा-सक्सेना

      सीहोर 24 नवम्बर (नि.सं.)।  नगर पालिका को हमने 15 सौ करोड़ रुपये दिलाये हैं, आपके पास अभी तीन दिन हैं आप चाहो तो पता कर लो, यदि हमने नहीं दिलाये हो रुपये तो रमेश सक्सेना की गिरेबान पकड़ लेना और यदि 15 सौ लाख रुपये नगर पालिका में आये और काम नहीं हुआ तो फिर उनकी गिरेबान पकड़ लो।

      चुनाव के अंतिम क्षणों में अपनी आक्रामक शैली में आते हुए विधायक रमेश सक्सेना ने कल रविवार को शाम अनेक जगहों पर सभाएं ली। छोटे मंचों पर विधायक हुई इन नुक्कड़ सभाओं में उन्होने कहा कि कल तक विधायक निधि से हमें जितना रुपया मिलता था वह हम खर्च करते थे। जब-जब गर्मियों में जल संकट आया है सर्वाधिक हेण्डपंप विधायक निधि से लगे हैं आप चाहे तो देख  सकते हैं। सर्वाधिक रुपया हमने इस कार्य में लगाया । जनता भगवान का रुप होती है। जिस नगर में, जनता ने हमें वोट दिया है हम उसी सेवा पूरी ईमानदारी से करते हैं। उनके पास हजारों एकड़ शुगर फेक्ट्री की जमीन है जिस पर उन्होने कब्जा कर रखा है, यह सीहोर के साथ अन्याय है। शिवराज ने जनता के लिये काम किया है यदि नहीं किया हो तो आप वोट मत देना। शिवराज ने आम आदमी के लिये काम किया है, कोई भेदभाव नहीं किया, सबके लिये काम किया है तो फिर निश्चित रुप से कमल पर मोहर आपको भी लगना चाहिये।

      अपनी सभाओं में रमेश सक्सेना ने कहा कि मैं तो इतना कहना चाहता हूँ कि नगर के विकास में सबसे बड़ी बात साम्प्रदायिक सौहार्द्र होता है हमने इसके लिये हमेशा प्रयास किया है। हमने प्रण लिया है कि पार्वती योजना में दम नहीं है, इसलिये कोलार का पानी सीहोर को लाकर देंगे। मेरे मन में शंका थी कि कोलार नहीं आ सकती, लेकिन अब तो कोलार भी आयेगी और नर्वदा का पानी भी उसमें डलकर आयेगा। आज मैं 59 साल को हो गया हूं लम्बे राजनीतिक जीवन में कोई भी माई का लाल यह कह दे कि मैंने रुपये लिये हैं तो राजनीति छोड़ दूंगा। आपने मुझे स्थापित किया है, नेता बनाया है।

      आप नहीं बनाते तो भाजपा मुझे घांस डालने वाली नहीं थी। आपका आदमी हूं। सक्सेना ने कहा कि कोई चोर, लुच्चा, लफंगा नहीं हूं सबको सम्मान देता हूं सम्मान चाहता हूँ। कभी गलत बात नहीं करता, आपका साथ चाहता हूं।

Monday, November 24, 2008

कांग्रेस भाजपा प्रत्याशियों ने छावनी में किया जनसम्पर्क, जनशक्ति घूमी स्वदेश नगर

      सीहोर 23 नवम्बर (नि.सं.)। रविवार को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशियों का जनसम्पर्क छावनी क्षेत्र में हुआ। आज अखलेश राय के पीछे बड़ा हुजूम चल रहा था और स्वदेश राय के साथ कांग्रेस पार्टी के पदाधिकारी थे, तो विधायक सक्सेना के साथ छावनी में मुल्लाजी समाज के बहुतायत और उनके समर्थक शामिल थे। एक बारगी दोनो के जनसम्पर्क दल आमने-सामने भी हो गये लेकिन अपने-अपने रास्ते चले गये। आज जनशक्ति स्वदेश नगर में घूमने गई, बाहरी क्षेत्रों में उसने जनसम्पर्क किया।

      आज कांग्रेस और भाजपा का छावनी क्षेत्र में जोरदार जनसम्पर्क रहा। हालांकि भाजपा से जो उम्मीद की जा रही थी वह खरी नहीं उतरी जबकि कांग्रेस का जनसम्पर्क आशाजनक प्रभावी रहा। इस बार भाजपा का जनसम्पर्क का तरीका बदला हुआ बताया जा रहा है जिसमें जिस क्षेत्र का जनसम्पर्क होता है उसी क्षेत्र के लोगों को एकत्र कर फिर बाजार में जनसम्पर्क किया जाता है। इसी क्रम में दोपहर में आज विधायक श्री सक्सेना का बड़ी संख्या में मुल्लाजी समाज के लोगों तथा अपने समर्थक भाजपाईयों के साथ बहुत तेज गति से छावनी में घूमे। कोतवाली चौराहा से पान चौराहा और यहाँ से प्रमुख मार्गो में उन्होने जनसम्पर्क किया।

      इसके विपरीत कांग्रेस का जनसम्पर्क लम्बे समय तक चला। हर गली में कांग्रेसी पहुँचे। घर-घर रुकते हुए अखलेश-स्वदेश राय हाथ मिलाते व धीमी चाल से चलते हुए हाथ जोड़ते हुए आगे बढ़े। इनके साथ बड़ी संख्या में आज कांग्रेसी व युवा जन शामिल थे। अखलेश राय की उपस्थिति से जहाँ जनसम्पर्क आकर्षक बन गया था वहीं पीछे भीड़ काफी अधिक थी। 

      एक बारगी जनसम्पर्क करते हुए जब विधायक जी नमक चौराहा से होते हुए चरखा लाईन की तरफ बढ़े उसी समय बड़ा बाजार से निकलते हुए अखलेश स्वदेश राय का जनसम्पर्क सामने आ गया। तब कांग्रेस युवा ब्रिगेड ने खूब नारेबाजी की। लेकिन सब अपने-अपने रास्ते चले गये।

      आज जनशक्ति का जनसम्पर्क शहर के बाहरी क्षेत्रों में हुआ। इंग्लिशपुरा, गंज के क्षेत्रों में तथा स्वदेश नगर में आज जनसम्पर्क किया गया।

कांग्रेस के खिलाफ नारा सुनते ही जब नये भाजपा नेता भड़के

            सीहोर 23 नवम्बर (नि.सं.)।  लम्बे समय से कोई व्यक्ति यदि किसी पार्टी में हो तो धीरे-धीरे पार्टी को वह आत्मसात कर चुका होता है। अभी एक जुम्मा भी वरिष्ठ कांग्रेस नेता रहे जसपाल सिंह अरोरा को भारतीय जनता पार्टी में आये नहीं हुआ है, भाजपा में आते ही उनके समर्थकों का हुजूम भी भाजपा में खड़ा हो गया है। आये दिन वह भाजपा के प्रचार के लिये कार्य भी कर रहे हैं।  कल जब उन्होने एक बढ़िया रोड-शो नगर में निकाला तो उनके बीच बच्चों की टोली और बड़ी संख्या नययुवकों का हुजूम चल रहा था। नये-नये भाजपाई बने अरोरा के साथ जो युवक चल रहे थे उन्होने अचानक नारा लगा दिया...

''कांग्रेस के बूढ़े बैल, खा गये शक्कर पी गये तेल''

      यह नारा लगना था कि अचानक अरोरा सख्ते में आ गये...उन्हे लगा कि बच्चे हरकत कर रहे हैं...फिर वह नाराज हुए...इतनी देर में तो कांग्रेस के बूंढे बैल वाला नारा कई बार लग गया। अरोरा  कुछ समझ नहीं पाये और उन्होने समर्थकों से कहा कि अरे यह क्या बोल रहे हो कुछ नाराजी भी जता दी।

      बच्चे चूंकि भाजपाई थे इसलिये उन्हे कुछ समझ नहीं आया....अरोरा संभवत: यह भूल कर गये कि वह भी भाजपाई दमदार नेता बन चुके हैं....इसके बाद दूसरा नारा लगाया गया....

''जसपाल अरोरा संत है, कांग्रेस का अंत है''

इस नारे पर अरोरा भी प्रसन्न थे और जुलूस में शामिल सारे लोग खुश।

इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीनों की अंतिम तैयारी

      सीहोर 23 नवम्बर (नि.सं.)। विधानसभा चुनाव के तहत जिले के चारों विधानसभा क्षेत्रों 156 विधानसभा क्षेत्र बुदनी 157 विधान सभा क्षेत्र इछावर, 158 विधानसभा क्षेत्र आष्टा और 159 विधानसभा क्षेत्र सीहोर की सभी इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीनों की अंतिम तैयारी के तहत गत दिवस सीलिंग का कार्य किया गया। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डीपी आहूजा, पुलिस अधीक्षक डॉ.राजेन्द्र प्रसाद व निर्वाचन आयोग द्वारा विधानसभा सीहोर के लिये नियुक्त प्रेक्षक एमआर आनंद, इछावर के प्रेक्षक व्ही.व्ही. ठाकुर, आष्टा के प्रेक्षक जेसन पी.बॉएज तथा बुदनी विधानसभा क्षेत्र के प्रेक्षक जी.नरेन्द्र कुमार की मौजूदगी में सीलिंग का कार्य प्रारंभ किया गया। इस दौरान चारों विधानसभा क्षेत्रों रिटर्निंग आफिसर्स और विभिन्न राजनैतिक दलों के प्रतिनिधि मौजूद थे।

      आर.ए.के.कृषि महाविद्यालय सीहोर में इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीनों की सीलिंग का कार्य हो चुका है। विधानसभा क्षेत्र सीहोर के लिये 195, आष्टा के लिये 273, इछावर के लिये 232 और विधानसभा क्षेत्र बुदनी के लिये 259 इस प्रकार कुल 959 इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीनों में सीलिंग का कार्य पूरा किया गया। इस कार्य में करीब एक सौ से अधिक अधिकारी कर्मचारी लगाये गये थे।

      सीलिंग के दौरान एडीएम एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमति भावना बालिम्बे, विधानसभा क्षेत्र सीहोर के रिटर्निंग आफिसर चन्द्रमोहन मिश्रा, आष्टा की रिटर्निंग आफिसर श्रीमति जी.व्ही.रश्मि, इछावर के रिटर्निंग आफिसर चन्द्रशेखर वालिम्बे तथा बुदनी विधानसभा क्षेत्र के रिटर्निंग आफिसर अरुण कुमार तोमर मौजूद थे। सीहोर और इछावर विधानसभा क्षेत्र की ईवीएम आर.ए.के.कृषि महाविद्यालय स्थित स्ट्रांग रुम में सुरक्षित कर दी गई जबकि आष्टा और बुदनी विधानसभा क्षेत्रों की मशीनें पूरी सुरक्षा व्यवस्था में आष्टा एवं बुदनी रवाना की गई जिन्हे वहां बनाए गए स्ट्रांग रुम में सुरक्षित कर दिया गया ।  सुरक्षा कक्ष पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था कर दी गई है।

शिवराज को जिताने संकल्प लेकर जूते-चप्पल त्यागे

आष्टा 23 नवम्बर (नि.सं.)। नेताओं के चाहने वाले भी तरह तरह के होते है आष्टा नगर के वार्ड क्रमाम 16 में रहने वाले ओमप्रकाश चौरसिया जो कि एक ठेला लगाकर अपना व परिवार का लालन पालन करते है ये महाशय प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को दूबारा मुख्यमंत्री के रूप में देखना चाहते है वे पुन: मुख्यमंत्री बने          इसके लिए उन्होने चप्पल-जूतों का त्याग का प्रण लिया है कि जब तक शिवराज सिंह चौहान पुन: म.प्र. के मुख्यमंत्री पद की शपथ नहीं लेते वे नंगे पैर ही रहेगा। ये नेताओं के प्रति भक्ति का एक नमूना है।

 

 

 

 

तेज सिंह कप्तान बजरंग दल के नगर संयोजक बने

      जावर 23 नवम्बर (नि.प्र.)। पिछले दिनो श्रीराम मंदिर में विश्व हिन्दु परिषद के विभाग प्रमुख अजीत शुक्ला के मुख्य अतिथि एवं जिला मंत्री रामेश्वर जाट, मनोज आर्य के विशेष अतिथि में बजरंग दल एवं विश्व हिन्दु परिषद की बैठक आयोजित की गई। बैठक में संगठन के विस्तार को लेकर चर्चा भी हुई बैठक में बजरंग दल की इकाई का गठन भी किया गया। जिसमें बजरंग दल नगर संयोजक के रुप में तेज सिंह कप्तान सह संयोजक हरीश सोलंकी को बनाया गया। इसी प्रकार विश्व हिन्दु परिषद के अध्यक्ष पद पर जगदीश मालवीय, उपाध्यक्ष धर्मेन्द्र पहलवान, मंत्री हुकम चंद पहलवान, प्रचार प्रमुख विकास चिंतामणी गौरक्षा प्रमुख लखन सिंह, समरसता प्रमुख भादर परिहार, सुरक्षा प्रमुख संजय सिलोदिया, सत्संग प्रमुख, बाबूलाल अखाड़ा, प्रमुख दशरथ सिंह का बनाया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में युवा कार्यकर्ता उपस्थित थे। उक्त जानकारी हरीश सोलंकी ने दी।

चुनाव में भी जारी है अधिकारी कर्मचारियों का बाहर आना-जाना

      इछावर 23 नवम्बर (राजेन्द्र सक्सेना)। इछावर में एक और जहाँ चुनाव अभियान जोर शोर से चल रहा है। हर तरफ चुनावी माहौल है, मतदान को मात्र 5 दिन शेष रह गये हैं और जिला निर्वाचन अधिकारी बहुत सख्ती से काम कर रहे हैं वहीं इछावर में ही कुछ ऐसे शासकिय कार्यालय भी हैं जहाँ कार्यरत कर्मचारी अभी भी इछावर में नहीं रुककर हर दिन इछावर छोड़ अपने घर बाहर चले जाते हैं। इनका अपडाउन अभी तक जारी है।

      कन्याशाला से लेकर महाविद्यालय, बैंक से लेकर सफाखाना तक के अधिकारी कर्मचारियों के अपडाउन करने की चर्चाएं बनी हुई हैं। शासन का ध्यान अभी तक इस और नहीं गया है। अपडाउन प्रथा से इछावर के लोग तो परेशान रहते ही हैं। कभी-कभी कर्मचारी, शिक्षक व अधिकारी समय पर भी अपने कार्यालय में उपस्थित नहीं हो पाते हैं। वहीं इन्हे देरी से आने के बावजूद जाने की भी जल्दी लगी रहती है। जिससे यहाँ व्यवस्था गड़बड़ हो रही है। प्रशासन को चुनाव के वक्त इन लोगों पर सख्ती से कार्यवाही करने की आवश्यकता है।

 

Sunday, November 23, 2008

नगाड़े को कांग्रेस भाजपा के बीच से निकाल लाईये-उमा

            सीहोर 22 नवम्बर (नि.सं.)। दिन रात मेहनत कर रही हूँ, तो किसलिये सिर्फ मुझे गरीबों का ध्यान रखना है इसलिये, क्या भाजपा को हराने के लिये इतनी मेहनत करुंगी, कभी नहीं। मैं घूम-घूमकर लगातार जनता के बीच जा रही हूँ, न तो उन पुराने पापियों को कांग्रेस को आने दूंगी, न भाजपा को। आपको मेरा साथ देना है।

      उक्त बात आज जनशक्ति पार्टी के आम सभा में बोलते हुए नेत्री उमाश्री भारती ने कही। उन्होने कहा कि हमने मुकदमे झेले, कष्ट सहे, वर्षों पार्टी के लिये काम किया, तो क्या सिर्फ इसलिये कि जब मौका आ जाये तो सत्ता के दलाल बीच में आ जायें और आराम से मलाई खा जायें। मैं ईमानदारी के लिये राजनीति कर रही हूँ। उमाश्री ने कहा कि आप भाजपा और कांग्रेस को लूटकर नगाड़े को अपना अमूल्य मत दीजिये। उन्होने कहा कि नगाड़े की एक डण्डी कांग्रेस के सिर पर मारिये और दूसरी भाजपा पर मारिये और बीच में से नगाड़े को निकालकर ले आईये। 27 तारीख को नगाड़ा बजा दीजिये। उमाश्री ने सीहोर के प्रत्याशी सन्नी महाजन के लिये कहा कि यह पुराना भाजपा जनसंघ जमाने का परिवार का लड़का है।

      उन्होने उपस्थित जनसमुदाय से दोनो हाथ उठवाकर पूछा कि क्या 27 को नगाड़ा बजेगा सबने कहा हाँ, फिर पूछा लंका जलेगी, मेरे अपमान का बदला आप लोग लेंगे।

      उमाश्री भारती के संबोधन के बाद यहाँ प्रत्याशी सन्नी महाजन कों उन्होने बोलने के लिये बुलाया। गौरव ने संबोधित करते हुए कहा कि मेरे सामने एक राजा है दूसरा महाराजा, और मैं तो रंक हूँ। लेकिन मैं वचन देता हूँ कि यदि आपने मुझे आशीर्वाद दिया तो मेरे घर का सदस्य कभी राजनीति नहीं करेगा। रात को 2 बजे भी आप यदि बुलायेंगे तो आपके कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा रहूंगा। भ्रष्टाचार को खत्म कर दूंगा। कोलार से पानी लाने का वचन देता हूँ। इसलिये दीदी का हाथ मजबूत कीजिये और नगाड़े का बटन दवाईये।

13 में से एक लाओ वरना घर लौट जाओ, आयोग द्वारा मतदाता की पहचान के लिए मान्य किए गए तेरह दस्तावेज

सीहोर 22 नवम्बर (नि.सं.)। विधान सभा निर्वाचन 2008 के लिए जिले की सभी विधानसभा क्षेत्रों में 27 नवम्बर को होने वाले मतदान के लिए कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डी.पी.आहूजा ने मतदाताओं से अपील की है कि उनको जारी किए गए फोटोयुक्त मतदाता परिचय पत्र ही साथ लेकर मतदान केन्द्र पहुंचे। उन्होंने कहा कि ऐसे मतदाता जिनके नाम मतदाता सूची में हैं और वह फोटोयुक्त मतदाता परिचय पत्र साथ नहीं लायेंगे उनकी पहचान स्थापित करने के लिए आयोग द्वारा 13 फोटोयुक्त दस्तावेजों को मान्य किया गया है इनमें से किसी एक दस्तावेज का लाना अनिवार्य होगा। जिला निर्वाचन अधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया है कि फोटोयुक्त मतदाता परिचय पत्र साथ लेकर आने वाले मतदाताओं की लाईन ऐसे मतदाताओं से अलग लगाई जायगी जो फोटोयुक्त मतदाता परिचय पत्र साथ नहीं लायेंगे। फोटोयुक्त परिचय पत्र वाले मतदाताओं को पहले मतदान का अवसर मिलेगा।

तेरह दस्तावेज

      आयोग द्वारा जिन तेरह फोटोयुक्त दस्तावेजों को मतदाताओं की पहचान स्थापित करने के लिए मान्य किया गया है इनमें पासपोर्ट, ड्राईविंग लायसेंस, पेन कार्ड, राज्य- केन्द्र सरकार, सार्वजनिक उपम, संस्थाओं या पब्लिक लिमिटेड कंपनियों द्वारा अपने कर्मचारियों-अधिकारियों को जारी फोटोयुक्त सर्विस आइडेंटिटी कार्ड, पब्लिक सेक्टर बैंक- पोस्ट आफिस द्वारा जारी फोटोयुक्त पासबुक, जिसमें किसान पास बुक एवं किसान ठेडिट कार्ड भी सम्मिलित है (उपरोक्त पासबुक अकाउण्ट 30 सितम्बर 08 के पूर्व का जारी होना चाहिए), संपत्ति के दस्तावेज उदाहरण के लिये पट्टे या रजिस्ट्रेशन दस्तावेज जिनमें संबंधित मतदाता का फोटो लगा हुआ हो, राशन कार्ड जो 30 सितम्बर 08 के पूर्व का जारी किया गया हो, 30 सितम्बर 08 के पूर्व जारी अनुसूचित जाति-अनुसूचित जनजाति-पिछडा वर्ग का जाति प्रमाण पत्र (अगर ये प्रमाण पत्र बिना फोटो के हैं तो प्रमाण पत्र लाने वाले मतदाता को उस केन्द्र के किसी इपिक होल्डर द्वारा पहचान किये जाने पर), फोटोयुक्त पेंशन दस्तावेज, फोटोयुक्त स्वतंत्रता संग्राम सेनानी का परिचय पत्र, फोटोयुक्त शस्त्र लायसेंस जो 30 सितम्बर 08 के पूर्व जारी किया गया हो, फोटोयुक्त विकलांगता प्रमाण पत्र जो सक्षम प्राधिकारी द्वारा 30 सितम्बर 08 के पूर्व जारी किया गया हो, राष्ट्रीय रोजगार गारंटी के तहत चल रहे राष्ट्रीय रोजगार योजना मध्यप्रदेश के अंतर्गत फोटोयुक्त जाबकार्ड जो 30 सितम्बर 08 के पूर्व जारी किया गया हो शामिल हैं। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने इस सिलसिले में यह भी स्पष्ट किया है कि पहचान स्थापित करने के दस्तावेजों में अगर सिर्फ घर के मुखिया का फोटो है तो परिवार के अन्य मतदाताओं के लिए वह दस्तावेज तभी मान्य होगा जब वे परिवार के मुखिया के साथ में मतदान करने आ रहे हों और पीठासीन अधिकारी परिवार के अन्य मतदाताओं की पहचान की संतुष्टि परिवार के मुखिया से कर सकें।

 

 

 

 

 

 

विहिप ने दिया भगवान के सामने धरना

      सीहोर 22 नवम्बर (नि.सं.) विश्व हिन्दु परिषद द्वारा देश के संतो और सेनीको के साथ हो रही दुर्भावनापूर्ण हो रही कार्यवाही का विरोध स्वरूप धरना जगदीश मंदिर में आयोजित किया गया। जिस प्रकार से केन्द्र और महाराष्ट्र सरकार के इशारे पर मालेगांव बलब्लास्ट की आड में हिन्द संतो और सैनिका को आंतकी रूपी कलंकीत शब्द का उपयोग किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है अभी तक देश के अंदर अक्षरधाम अयोध्या,दिल्ली,लखनऊ, कानपुर,आसाम, में इस्तामीक आतंकवादियों ने बम फेक कर हजारों निदोर्ष लोगों की हत्या कर दी और स्यंम आतंकवादियों ने बम ब्लास्ट किया जाना भी स्वीकार क र लिया इसके बाद भी आज तक उन आतंकवादियों का केन्द्र सरकार पता भी नही लगा सकी। देश में ढ़ाई करोड़ से अधिक बंगलादेशी घुसपेठिये देश में खुले आम आंतक फेला रहा हैं। भारत के कश्मीर प्रान्त में हिन्दुस्तान मुदार्बाद के नारे लगाने वाले देश द्रोहियों को केन्द्र सरकार और कश्मीर सरकार लाखों रूपये का अनुदान दे रही है। केवल देश में वोट के लिये संपूर्ण देश को गीखे रखा जा रहा हैं। देश के बडे बडे राजनैतिक लोगों का देशद्रोही करने वालो के घनीष्ट संबंध हैं इन पर केन्द्र की सरकार ने क्या किया अभी तक किसी को जानकारी नही है बल्कि सेना जो इन आतंकवादियों से देश को बचा रखा हैं। संतो की वाणी से देश का कल्याण हो रहा हैं संतो के मार्गदर्शन में देश का उत्थान की और प्रगतिशील हैं उन पर झूठे प्रकरण दर्ज कर उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है जिसके विरोध में आज धरना देकर भगवान  से प्रार्थना की गयी की ऐसे इशारा करने वाले नेताओं और षडयंत्र करने वाले अधिकारियों को सद बुद्धी देने की प्रार्थना की गयी। धरने की अध्यक्षता संत महावीर दास जी ने किया। इस अवसर पर कई लोगों ने अपने विचार व्यक्त किया प्रमुख रूच से विभाग मंत्री अजीत शुक्ला, विहिप अध्यक्ष अतुल राठौर, मनोज आर्य, चन्द्रशेखर शर्मा, पादभाटबड़ेकर, वीरसिंह गुर्जर आदि ने अपने विचार व्यक्त किये। इस अवसर पर जिला मंत्री रामेश्वर जाट, अर्जुन राठौर, भोजराज यादव, महेश भाटी, विष्णु परमार, शंकर ठाकुर, ज्ञानसिंह,ठाकुर मेहरबान सिंह सिसोदिया, लोकेन्द्र सिसोदिया, पंडित जी सांईबाबा मंदिर आदि अनेकों कार्यकर्ता मंदिर के अंदर भगवान के समक्ष प्रार्थना की और संतो और सेनिकों पर हो रही कार्यवाही का विरोध व्यक्त किया।

विधायक सक्सेना से नाराज वार्ड 11 में नागरिक मतदान का करेंगे बहिष्कार

      सीहोर 22 नवम्बर (नि.सं.)। अनुसूचित जाति बाहुल्य वार्ड 11मुर्दी क्षेत्र गंज में मुख्यत: महिलाओं ने आज अचानक विधायक रमेश सक्सेना तथा वार्ड पार्षद के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए मतदान नहीं करने का फैसला लिया है। इनके द्वारा जारी समाचार विज्ञप्ति के अनुसार विगत 15 सालों से विधायक बने रमेश सक्सेना तथा क्षेत्रीय पार्षद मीना सतीश दरोठिया द्वारा कोई विकास कार्य नहीं कराये जाने से यह लोग नाराज हैं।

      नाराज मतदाताओं ने आज विधानसभा चुनाव का बहिष्कार करने का निर्णय लेते हुए जिलाधीश सीहोर को एक ज्ञापन भी प्रस्तुत किया है।

      उक्त आशय की जानकारी देते हुए वार्ड के नागरिकों ने बताया कि निरंतर 15 वर्षों से चुनाव जीतते आ रहे भाजपा विधायक रमेश सक्सेना द्वारा उक्त दलील अनुसूचित जाति बाहुल्य वार्ड में विधायक निधि से कोई विकास कार्य नहीं कराये गये हैं तथा वर्तमान पार्षद मीना सतीश दरोठिया द्वारा डाक्टर अम्बेडकर पार्क की सीमा दीवार, सड़क, नाली पुलिया निर्माण साफ-सफाई पानी की व्यवस्था एवं नगर पालिका द्वारा जनहित में प्रदाय पानी की टंकी स्वयं के घर पर रखकर नगर पालिका के टैंकर से पानी डलवाकर उसका उपयोग वार्ड के नागरिकों को ना दिलाते हुए स्वयं के उपयोग में लिये जाने से जनता नाराज है।

      मतदान का बहिष्कार करने का निर्णय लेते हुए जिलाधीश को ज्ञापन में कहा कि यदि प्रशासन वार्ड में विकास कार्य की जिम्मेदारी लेता है तो वार्ड के लोग मतदान करेंगे।

दो सौ मीटर दूर होगा पर्ची बांटने वाला बूथ

सीहोर 22 नवम्बर (नि.सं.)। मतदान वाले दिन मतदाताओं को  मतदाता सूची में मांक बताने के लिए बनाए जाने वाला बूथ मतदान केन्द्र से दो सौ मीटर दूर होगा। जिला निर्वाचन अधिकारी डी.पी. आहूजा ने निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्देशों का हवाला देते हुए बताया है  कि इस चुनाव में मतदान के दिन मतदाताओं को मतदाता सूची में  उनका मांक बताने के लिए बनाए जाने वाला बूथ मतदान केन्द्र से 200 मीटर की दूरी पर ही बनाया जा सकेगा।

      बूथ में केवल एक टेबिल और दो कर्सियां रखने की ही इजाजत होगी। बूथ को किसी भी सूरत में कवर्ड नहीं किया जायेगा। किसी एक भवन में एक से ज्यादा मतदान केन्द्र होने की दशा में भी केवल एक बूथ ही बनाया जा सकेगा।

केवल सफेद पर्ची ही दी जायगी

      जिला निर्वाचन अधिकारी डी.पी.आहूजा ने यह ताकीद की है कि मतदान केन्द्र की 200 मीटर परिधि से दूर बनाए गए इन बूथों पर मतदाताओं को जो पर्ची दी जायगी वह केवल सफेद कागज की होगी। उस पर केवल मतदाता का मांक लिखा होगा। पर्ची पर अन्य कोई नाम या चिन्ह लिखा होने की सूरत में दण्डात्मक कार्यवाही की जायगी।

बूथ पर जमावडा नहीं होगा

      जिला निर्वाचन अधिकारी डी. पी.आहूजा ने यह साफ तौर पर कहा है कि बूथों पर किसी भी सूरत में भीड़ इकट्ठी नहीं होगी। मतदान करने के बाद कोई भी मतदाता इन बूथों पर जमा नहीं होंगे। निर्वाचन आयोग के निर्देशों का सख्ती से पालन कराया जायगा। इसके बाबजूद यदि किसी व्यक्ति द्वारा निर्देशों की अवहेलना की जाती है तो उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जायगी। इस तरह की कार्यवाही के लिए सेक्टर मजिस्ट्रेट, जोनल अधिकारी और पुलिस के अधिकारी समक्ष होंगे।

पीठासीन अधिकारी का अधिकार क्षेत्र

      जिला निर्वाचन अधिकारी श्री आहूजा ने कहा है कि मतदान के दिन मतदान केन्द्र की 100 मीटर परिधि पीठासीन अधिकारी का अधिकार क्षेत्र कहलायगी। इस परिधि में मोबाइल फोन, कार्डलेस और वायरलेस आदि ले जाने की सख्त मनाही रहेगी। कानून व्यवस्था में लगे अधिकारी, मतदान केन्द्र पर तैनात पुलिस अधिकारी  कर्मचारी, भारत निर्वाचन आयोग के प्रेक्षक, सेक्टर मजिस्ट्रेट और जोनल अधिकारी को छोड़ कोई भी व्यक्ति इस परिधि में मोबाइल, सेलफोन, वायरलेस या अन्य किसी भी तरह का सामान लेकर नही जा सकेगा।

 

 

 

 

दूसरे राज्‍यों के नेताओं को सुरक्षा

      सीहोर 22 नवम्बर (नि.सं.)। चुनाव आयोग ने प्रदेश में विधानसभा चुनाव प्रचार के सिलसिले में आने वाले अन्य राज्यों के नेताओं की सुरक्षा को लेकर दिशा निर्देश जारी किए हैं। निर्देशों के मुताबिक इन राजनैतिक पदाधिकारियों के निजी सुरक्षा वाहन और गार्डों को साथ लेकर यहाँ दौरा करने की इजाजत नहीं होगी। उन्हें अपनी पूर्व निर्धारित सुरक्षा श्रेणी के हिसाब से सुरक्षा कर्मी दिए जाएंगे। इन्हें प्रदेश में पहुंचने के तीन दिन पहले बाकायदा इसकी सूचना देनी होगी। ऐसे पदाधिकारियों के सभी दौरों की वीडियोग्राफी की जाएगी।

      कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री डी.पी.आहूजा ने निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्देशों के हवाले से बताया है कि किसी महत्वपूर्ण व्यक्ति को किस तरह की सुरक्षा दी जाए यह निर्णय तयशुदा प्रक्रिया को अपनाते हुए केन्द्र और राज्य सरकार करती हैं। इसलिए ऐसे नेता जिन्हें जेड प्लस, एसपीजी की सुरक्षा मिली है उनके लिए तय मौजूदा विशेष दिशा निर्देश ही लागू रहेंगे।

      कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री आहूजा ने कहा है कि जहाँ तक अन्य सभी नेताओं की सुरक्षा की बात है तो उन्हें अपनी पूर्व निर्धारित और मौजूदा सुरक्षा श्रेणी के मुताबिक सुरक्षा प्रदान की जाएगी। यह भी साफ किया गया है कि भ्रमण करने वाले नेताओं को उनकी एक्स, वाय और जेड श्रेणी की सुरक्षा श्रेणी के मुताबिक अपने साथ सरकारी तौर पर मिले उनके पर्सनल सिक्यूरिटी आफिसर (पीएसओ) को लाने की इजाजत होगी। लेकिन निजी सुरक्षा वाहन या सुरक्षा गार्ड वे साथ नहीं ला सकेंगे।

      कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डी.पी.आहूजा ने निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्देशों के हवाले से बताया है कि चुनाव प्रचार के उद्देश्य से भ्रमण पर आने वाले नेताओं को इसकी सूचना तीन दिन पहले प्रदेश के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारी और पुलिस अधीक्षक को देनी होगी।

      आयोग ने यह भी साफ किया है कि यदि भ्रमण पर आने वाले राजनैतिक पदाधिकारी स्टार प्रचारक हैं और उनकी सूचना संबंधित दलों द्वारा पहले ही दे दी गई है तो इस सिलसिले में उन पर होने वाला खर्च उस दल के खाते में जुड़ेगा। यदि ऐसा नहीं है तो फिर नेताओं का पूरा खर्च संबंधित उम्मीदवार के चुनावी खर्च में जुड़ेगा जिसके लिए प्रचार किया गया है। यदि ऐसे उम्मीदवारों की तादाद एक से ज्यादा है तो फिर यह खर्च उनमें बराबर बांट दिया जाएगा। आयोग ने ऐसे सभी नेताओं के हर दौरे की वीडियोग्राफी कराने के निर्देश अफसरों को दिए हैं।

              इस सिलसिले में सभी राजनैतिक दलों, उम्मीदवारों और फील्ड में पहुँच चुके प्रेक्षकों को भी जानकारी दे दी गई है।

प्रतिष्ठा का प्रश्न बना आष्टा विधानसभा क्षेत्र

आष्टा 22 नवम्बर (नि.प्र.) मुख्यमंत्री के गृह जिले के आष्टा विधान सभा क्षेत्र में यह विधानसभा चुनाव प्रतिष्ठा का प्रश्‍न बनता नजर आ रहा हैं। इस प्रतिष्ठपूर्ण सीट पर प्रमुख राजनैतिक दल कांग्रेस और भाजपा के जिलाध्यक्षों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी हैं,वही कांटे का मुकाबला होने की उम्मीद हैं।

      आष्टा विधानसभा सीट कांग्रेस ने इंजीनियर गोपाल सिंह चौहान को और भाजपा ने पूर्व विधायक रंजीत सिंह गुणवान, बसपा ने बापूलाल मालवीय, और भाजश ने चुन्नीलाल मालवीय को मैदान में उतारा हैं। श्री चौहान तो दो तीन माह से क्षेत्र के ग्रामीण आंचलों में संपर्क भी कर रहे हैं। आष्टा विधानसभा सीट पर चुनाव इसबार रोचकता के साथ प्रतिष्ठापूर्ण होगा। इस प्रदेश भर के नेताओं की नजरें रहेंगी। भाजपा के पूर्व विधायक रंजीत सिंह गुणवान को पिछले चुनाव में टिकिंट देने के बाद वापिस लेने पर चुप्पी साधने के साथ उनकी स्वच्छ छवि सभी समुदाय में गहरी पेठ को देखते हुए वर्ष 2008 के चुनाव में टिकिट दिया हैं।

       जिला भाजपा अध्यक्ष ललित नागौरी,जिला सहकारी संघ अध्यक्ष देवीसिंह परमार, ग्रामीण नगर भाजपा अध्यक्ष धरमसिंह आर्य, संतोष झंवर, कृपालसिंह ठाकुर, मुकेश बड़जात्या, भटोनीलाल खण्डेलवाल आदि गुणवान का मोर्चा संभाले हुए हैं। गुणवान अपनी लोकप्रियता की दम के साथ मतदाताओं कार्यकर्ताओं के स्नेह पर पूरी ताकत के साथ चुनावी मैदान में हैं।

      कांग्रेस के गोपाल इंजीनियर के लिए जिला कांग्रेस अध्यक्ष कैलाश परमार अपनी टीम के साथ मौर्चा संभाले हुए हैं। उन्हें वरिष्ठ नेताओं की नाराजगी की सामना भी करना पड़ रहा है,फिर भी वे गंभीरता से इस चुनावी जंग को जीतना चाहते हैं। गांवो मे पूरी ताकत श्री परमार लगा रहे हैं।

      जीतने की दमदारी के साथ टिकिट दिलाकर लाऐं है उतनी ही दमदारी से विजय दिलाने हेतु जुटें हुए हैं कांग्रेस छोड़कर बसपा का दामन थामने वाले बापूलाल मालवीय को जातिगत समीकरण का लाभ मिलने की संभावना है उनकी भी ग्रामीण क्षेत्रों मे अच्छी पकड़ हैं।

      प्रजातांत्रिक समाधान पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमलसिंह चौहान अपने भाई दिवंगत फूलसिंह चौहान की छवि को भुनाने का लुभाने का प्रयास कर रहें हैं। 

कसमे दिलाकर वोट कबाड़ने में जुटी भाजपा

      सीहोर 22 नवम्बर (नि.सं.)। करीब सप्ताह भर से भाजपा महिला मण्डल की कुछेक सदस्याएं तथा भाजपा के कुछ नेतागण अपने-अपने स्तर पर भाजपा के लिये मतदान मांगने के तरीके अपना रहे हैं।

      लगातार यह जानकारी मिल रही है कि यह लोग विशेषकर उन लोगों पर जो शुरु से ही भाजपा को देते आये हैं लेकिन उन पर थोड़ा बहुत भी संदेह हैं तो ऐसे लोगों को प्रेम भाव में कसमें दिलाकर भाजपा के लिये पक्का करने का काम कर रहे हैं। कई घरों में महिलाओं को समझाईश दी जा रही है कि भाजपा ने महिलाओं के लिये बहुत काम किया है। इसलिये कसम खाओ कि तुम भाजपा को ही वोट दोगी। सप्ताह भर से युध्द स्तर पर जारी कसम अभियान की चर्चाएं चौराहों पर भी बनी हुई है। और जो लोग कसमें खाते हैं वह फिर सड़क पर बता भी रहे हैं कि भैया अब तो कसम खिलवा दी है अब तो कमल पर ही वोट देना पड़ेगा।

तो उसने कह दिया कि हम तो मूंछ वाले को ही देंगे

      सीहोर 22 नवम्बर (नि.सं.)। हुआ यूं की एक घर में साहब और उनकी श्रीमति जी बैठे थे, तभी अचानक भाजपा महिला मण्डल की सदस्याएं इनके घर पहुँच गई।

      भाई साहब भी मिल गये और भाभी जी तो महिला मण्डल ने कहा कि आप लोग तो सदैव भाजपा के ही हैं।  उन्होने भाई साहब को बड़े प्रेम से कहा कि भईया तो हमेशा विधायक जी के काम से प्रसन्न रहते हैं, उनसे मिलने भी जाते रहते हैं।

      जब आराम से बात हो गई तब एक महिला ने इन दोनो पति-पत्नि को कसमें दिलाई कि आप तो कसम खा लो कि आप इस बार भी भाजपा को ही वोट दोगे...कसम की बात सुनते ही यह लोग हतप्रभ रह गये...तभी घर में इनकी होशियार छोटी बेटी ने मामला भांपते हुए अचानक कहा कि अंटी जी हम तो कसम खाते हैं कि ''मूंछ वाले को ही वोट देंगे''

      बेटी की यह बात सुनकर सभी महिला सदस्याएं खुश हो गई और हंसी खुशी चली गईं।

      ज्ञातव्य है कि इस बार भाजपा से विधायक रमेश सक्सेना हों या कांग्रेस से स्वदेश राय अथवा जनशक्ति के सन्नी महाजन सभी मूंछदार व्यक्ति हैं। किसी की दाढ़ी नहीं है।