Monday, October 20, 2008

गद्दार और फर्जी प्रत्याशी बर्दाश्त नहीं होगा- कांग्रेसजन, कांग्रेस नेताओं ने की प्रत्याशी को लेकर बैठक

सीहोर 19 अक्टूबर (नि.सं.)। रविवार को जिला पंचायत सदस्य जफरलाला के फार्म हाउस पर सीहोर विधानसभा के वरिष्ठ कांग्रेस कार्यकर्ताओं की एक महत्वपूर्ण राजनीतिक बैठक सम्पन्न हुई। बैठक आगामी चुनावों और विधानसभा प्रत्याशी को लेकर रखी गई थी और बैठक में उपस्थित कांग्रेस के लगभग हर खेमे के लोग उपस्थित थे और एक मत से गद्दार व फर्जी लोगों को प्रत्याशी बनाये जान का विरोध यहाँ किया गया। उपस्थित सभी कांग्रेस नेताओं ने अपना संबोधन भी दिया। कार्यक्रम की अध्यक्ष वरिष्ठ कांग्रेस नेता ओमदीप ने की।

      कार्यकर्ताओं ने अपने संबोधन में कहा कि प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा इस बार पर्यवेक्षक नहीं भेजे हैं। न प्रत्याशी के चयन में कार्यकर्ताओं से राय ली गई है। इसलिये इस बैठक के माध्यम से एकजुटता से सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पास कर हाई कमान को भेजा जाये की कांग्रेस द्वारा निष्ठावान एवं ईमानदार कायकर्ता को जिसने हमेशा कांग्रेस के प्रत्याशियों को विजय बनाने में पूरी ईमानदारी से काम किया हो। ऐसे कार्यकर्ता को ही प्रत्याशी बनाया जाये।

      जनता किसी फर्जी व गद्दार जो भाजपा एवं बजरंग दल के साथ मिलकर कांग्रेस की पीठ में छूरा घोंपने वाले को बर्दाश्त नहीं करेगी। अब की बार सभी कार्यकर्ता एक जुटता से कांग्रेस प्रत्याशी को विजयी बनाने के लिये अभी से लग जायें। क्योंकि अब समय बहुत कम बचा है। सीहोर के विधायक द्वारा पिछले 15 वर्षों से क्षेत्र की जनता को धोखा देकर व झूठे वादे करके जीत जाते हैं। भाजपा की दोगली नीति अब जनता समझ चुकी है। सभी कार्यकर्ता एकजुटता से संकल्प लें कि कांग्रेस को विजयी बनाने के लिये पूरी ईमानदारी से कार्य करेंगे। कांग्रेस नेता धर्मेन्द्र ठाकुर ने कहा कि अल्पसंख्यक समाज के विधानसभा में सबसे अधिक मतदाता है। इसलिये अल्प संख्यक समाज के व्यक्ति को टिकिट दिया जाना चाहिये।

      इस अवसर पर मांगीलाल मंझेड़ा, सुरेश साबू, हरीश राठौर, धर्मेन्द्र ठाकुर, राजेन्द्र वर्मा, राहुल यादव पार्षद, महेन्द्र सिंह अरोरा मिंदी, रफ्फू भाई पूर्व पार्षद, दर्शन सिंह वर्मा, पार्षद दिनेश भैरवे, आशीष गेहलोत पार्षद, सतीश दरोठिया, मनोज गुजराती पार्षद, राम प्रकाश चौधरी पार्षद, सरपंच कलीम पठान, पूर्व सरपंच लीला किशन मेवाड़ा, राजा राम बड़े भाई, मेहफूज बंटी, अखलेश राठौर, योगेन्द्र राय, राजेश आजाद, राहुल उपाध्याय, शिराज शाह, पूर्व पार्षद कल्लू शर्मा, मुकेश ठाकुर, महेश दुबे, पूर्व पार्षद पवन राठौर, पार्षद हफीज चौधरी, हेमंत शर्मा, सोहन वर्मा, ओम प्रकाश कल्लू, भरत वारिया, राजकुमार श्रीवास, राकेश वर्मा, श्रीमान सिंह सेन, जनपद सदस्य सकील अहमद, अमीन पठान, पार्षद शमीम अहमद, साजिद अंसारी, दुलारे भाई सहित सीहोर विधानसभा क्षेत्र के सैकड़ो कार्यकर्ता उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन युवा नेता अशफाक खान ने किया। 

क्या थी व्यूह रचना और क्या-क्या हो गया?

      सीहोर। कांग्रेस से उम्मीद्वारी जता रहे कुछ कांग्रेसी नेताओं के पक्ष में और कुछ को रास्ते से हटाने अथवा मामला स्पष्ट कर देने की रणनीति के तहत संभवत: आज बैठक बुलाई गई थी। जिसमें बहुत ही कुटनीतिक अंदाज में अपनी बात सबसे कहलवाने का प्रयास किया जा रहा था। जफरलाल का यह पहला कांग्रेसी नेताओं को मिला आमंत्रण था जिसमें बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता पहुँच भी गये।

      इधर जिन कांग्रेस नेताओं की उम्मीद्वार दिल्ली में यादा प्रभावी है उनके सीहोर समर्थक भी और लगभग कांग्रेस के हर वजनदार नेता के समर्थकों को भी जब इस बैठक की सूचना मिली तो वह आवश्यक रुप से यहाँ उपस्थित हो गये। जब हर पक्ष के लोग उपस्थित हुए तो निश्चित ही किसी ने किसी का भी नाम नहीं लिया और खुलकर नाम लेकर विरोध भी यहाँ नहीं हो सका।

      कुल मिलाकर घुमा-फिराकर बातचीत होती रही और एक-दूसरे का सब मुँह भी देखते रहे।  इशारे-बाजी और आंख दिखाई भी यहाँ आपस में कुछ पार्षदों की चलती रही। जफरलाल के आमंत्रण पर पूरे अल्पसंख्यक पार्षदों की उपस्थिति नहीं होना ही यहाँ चर्चा का विषय बन गई। कुल मिलाकर बैठक क्यों रखी थी यह तो एक राज है पर उसका निष्कर्ष कुछ खास नहींनिकला...? यह बात जरुर चर्चाओं में है।

      जफरलाला की विज्ञप्ति में जहाँ उल्लेख किया गया है कि भाजपा व बजरंग दल का साथ देकर कांग्रेस की पीठ में छुरा घोंपने वाले कांग्रेसी बर्दास्त नहीं होंगे ऐसे कांग्रेसी नेताओं का नाम किसी ने नहीं लिया है। कुल मिलाकर कमल छाप कांग्रेसियों का विरोध हो रहा है। इधर दिल्ली में जितने प्रत्याशी है वह नये हैं और सीहोर में कमल छाप कांग्रेसी वर्षों पुराने नेता हैं, जिनका नाम ही नहीं चल रहा है। अब इशारा किस तरफ यह तो राम ही जाने...। 

प्रशासन ने घांसलेट से चलने वाले वाहनों को पकड़ा

 

      आष्टा 19 अक्टूबर (नि.सं.)। लम्बे समय से आष्टा क्षेत्र से कई चलने वाले चौपहिया वाहन डीजल के बदले घांसलेट से चलाये जा रहे हैं। इन लोगों को राशन की दुकानों से घांसलेट दिया जाने की खबरों के बाद जिला प्रशासन के निर्देश पर आज आष्टा में नायब तहसीलदार एच.पी. मकवाना, सहायक खाद्य अधिकारी श्री नकवी के नेतृत्व में इन्दौर नाके पर प्रशासन के अमले ने आष्टा से जावर तथा जावर जोड़ पर जावर से आष्टा सीहोर चलने वाली मिनी बस जीप आदि को चैक किया गया।

      आष्टा इन्दौर नाके पर जांच दल ने 60 वाहनों को जांचा जिसमें जीप एमपी 09 एस 0616 के टैंक में जब रस्सी से बंधी शीशी डाली गई और उसमें आया पदार्थ जांचा तो पाया उक्त वाहन घांसलेट से चल रहा है तब वाहन जप्त कर प्रकरण बनाया गया। इसी प्रकार जावर में अतिरिक्त तहसीलदार ने वाहनों को जांच किया यहां भी एक मिनी बस जो जावर से आष्टा आ रही थी एमपी 14 9223 बताया गया यह भी घांसलेट से चल रही थी। सूत्रों के अनुसार कल जावर पुलिस ने एक किसी वाहन को जिसमें घांसलेट भरा था पकड़ा था। पुलिस इस बात से इंकार कर रही है। 

रोटी मौत का कारण बनी

      आष्टा 19 अक्टूबर (नि.सं.)। 15 अक्टूबर बुधवार को आष्टा नगर के त्रिपोलिया क्षेत्र में रहने वाले बालकिशन मेवाड़ा के परिवार के सदस्यों द्वारा रात्री में खाई गई रोटी बीमारी का कारण बन गई तथा इस बीमारी के बाद उनके एक पुत्र इंदर मेवाड़ा की 3 दिन बाद भोपाल के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान मृत्यु हो गई। इस संबंध में आज मृतक के पिता बाल किशन मेवाड़ा एवं कल्लु मेवाड़ा ने फुरसत प्रतिनिधि को बताया कि बुधवार की शाम को इन्दर ने मण्डी के बाहर जो कि किसानाें का फुटकर गल्ला खरीदता था कुछ दिनो पूर्व 15 किलो किसी किसान का गेहूं खरीदा था ।

      उक्त गेहूं घर लेकर आया था बुधवार को अचानक आटा खत्म होने पर जल्दी के चक्कर में लाये गये गेहूं में से 5-6 किलो गेहूं पिसवाकर परिवार की महिलाओं ने रोटी बनवाई।

      जिसे इन्दर मेवाड़ा, छोटा मेवाड़ा, राहुल मेवाड़ा, प्रकाश (भूरी) मेवाड़ा, रोहित मेवाड़ा तथा बहन के लड़के अभिषेक आदि ने उक्त आटे की रोटियां खाई। रोटी खाते ही इन्दर और छोटू को उल्टियाँ होना चालू हो गई। जिन्हे तत्काल सिविल अस्पताल आष्टा ले जाया गया यहाँ से इन्हे सीहोर और सीहोर से बाद में भोपाल भेज दिया गया। परिवार के सदस्यों ने उच्च इलाज की मंशा के अनुरुप इन्हे भोपाल के एक प्रायवेट पालीवाल नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया। यहाँ पर इन्दर सिंह मेवाड़ा उम्र 18 वर्ष की मृत्यु हो गई। बाद में इसका पीएम भी हमीदिया में हुआ। इसका अंतिम संस्कार आष्टा में किया गया। जिस रोटी खाने में अन्य लोग भी जिन्हे चक्कर व उल्टी आ रही थी उन्हे भी आष्टा के एक निजी अस्पताल में भर्ती किया गया था उन सभी के स्वास्थ्य ठीक हैं तथा वह सब घर आ गये हैं। परिवार सदस्य बताते हैं कि इन्दर ने जो गेहूं खरीदा था उसमें कोई दवा मिली थी। इसका आभास इस बात से हुआ की घटना के बाद जब उक्त गहूं को धोया गया तो उसमें किसी प्रकार की दवा की बदबू आई।

          परिवार के लोगों ने बताया कि घटना के बाद उक्त गेहूं जो बचा था उसे जमीन में गाढ़ा गया गाढ़ते वक्त कुछ दाने जमीन पर गिरने से जब इन्हे चिड़िया ने चुगा तो एक चिड़िया की भी मृत्यु हो गई। उक्त दर्दनाक घटना के बाद पूरा परिवार तथा जहाँ यह रहने हैं पूरा क्षेत्र शोक में डूबा हुआ है। 

मवेशियों से भरा टाटा 407 पलटी, दो गाय मरी

      सीहोर 19 अक्टूबर (नि.सं.)थाना कोतवाली क्षेत्र अन्तर्गत एक टाटा 407 मेडाडोर मवेशियों को कू्ररता पूर्वक भरकर ले जा रही थी जो आज सुबह 5 बजे ग्राम नयापुरा प्रेम लोधी की जमीन के पास पलट गई। बजरंग ने मिली सूचना के आधार पर मौके पर पहुंचकर टाटा 407 में भरी नौ नग गायों को उसमें से निकालकर निकटवर्ती गौशाला में भिजवाया  पुलिस ने मेटाडोर चालक सहित, मेटाडोर मालिक एवं क्लीनर के विरूद्ध प्रकरण पंजीबद्ध कर लिया हैं। बताया जाता हैं कि ये लोग ग्रामीणों व बजरंगियों के भाग गये। घटना में दो गायों ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया।

सड़क हादसों में पांच घायल

      सीहोर 19 अक्टूबर (नि.सं.) जिले के विभिन्न थाना क्षेत्र में हुये अलग-अलग सड़क हादसों में पांच लोग घायल हो गये। पुलिस ने सभी मामले कायम कर लिये हैं।

      प्राप्त जानकारी के अनुसार कोतवाली थाना क्षेत्र में जनपद पंचायत के सामने गत दिवस शाम साढ़े 6 बजे जमोनिया निवासी जितेन्द्र आ. हजारीलाल मालवीय को सीहोर से जमोनिया मोटर सायकल से जाते समय सामने से आ रहे महेन्द्रा ट्रेक्टर के चालक महेन्द्र आ. हरीचरण 25 वर्ष  निवासी छोटी कुलास ने वाहन को तेजगति एवं लापरवाही पूर्वक वाहन चलाकर टक्कमर मारकर घायल कर दिया।

      उधर मण्डी थाना अन्तर्गत राजपथ ढाबा लालाखेड़ी जोड़ के पास भोपाल से इंदौर जा रही बस क्रमांक एम.पी. 04 एचबी-9374 के चालक ने वाहन को तेजगति एवं लापरवाही पूर्वक चलाकर गत दिवस शाम सात बजे बवूल के पेड से टकरा दी। परिणामस्वरूप बस में सवार रजनी शुक्ला, बबली पत्नी प्रेमनारायण, मोहम्मद अजहर, महेश आ. गोविन्द यादव को साधारण चोट आई।

करवा के संजारे में नेताजी की उपस्थिति रही चर्चाओं में

सीहोर 19 अक्टूबर (नि.सं.)। यूँ तो करवा चौथ महिलाओं का पर्व है और वह निजी पर्व है, सौभाग्य कामना के लिये कठिन व्रत निर्जला रहकर पूर्ण करने वाले इस पर्व में यदि अचानक किसी राजनेता की सक्रियता दिखने लगे तो कहा जा सकता है कि भैया चुनाव आ गये हैं....।

      कल गंज क्षेत्र में करवा चौथ के एक कार्यक्रम में संजारा का कार्यक्रम रखा गया था। संजारा करने वाली महिला द्वारा पारम्परिक रुप से अपने से बड़ी महिलाओं को साड़ी व अन्य सुहाग की सामग्रियाँ, मिठाई आदि दिया जाता है, इसका बड़े से बड़ा कार्यक्रम भी होता है। ऐसे ही एक संजारा कार्यक्रम में कल एक सीहोर के नेताजी की पीछे से उपस्थिति चर्चाओं में रही है। यहाँ हुए खर्च में जहाँ इन नेताजी ने अपना हाथ बंटाया वहीं महिलाओं को प्रसन्न भी कर लिया। आगामी चुनाव को लेकर अनेक उम्मीद्वार ऐसे अनेक आयोजनों पर निगाह रखे हुए हैं और मौका आते ही वह चौका मारने से नहीं चूक रहे हैं। कल हुए इस आयोजन में विधानसभा चुनाव के लिये उम्मीद्वारी जताने वाले इन नेताजी की उपस्थिति की चर्चाएं बहुत जोरों पर हैं....।

Sunday, October 19, 2008

इन्दौर भोपाल मार्ग से अज्ञात लुटेरे 3.60 हजार का ट्रेक्टर लूट ले गये

      आष्टा 18 अक्टूबर (नि.सं.)। इन्दौर भोपाल मार्ग से कल रात्री में लगभग डेढ़ से दो बजे जुलवानिया राजपुर ले जा रहे एक नये ट्रेक्टर को जावर क्षेत्र की सीमा में एक मारुती कार में बैठकर आये लगभग 4 लुटेरों ने उक्त ट्रेक्टर के चालक को उतारा, उसके हाथ पैर बांधकर अपनी गाड़ी में बैठाया और उक्त नये ट्रेक्टर को लूटकर ले गये। बाद में लुटेरों ने ट्रेक्टर के चालक अमर सिंह पुत्र पंचम सिंह निवासी मिसरौद भोपाल को अज्ञात स्थान पर छोड़कर भाग गये। जैसे-तैसे यह चालक आज 3 बजे के करीब जावर थाने पहुँचा तथा कल रात्री में हुई उक्त चोरी लूट की घटना से पुलिस को अवगत कराया। आज एसडीओपी ओंकार सिंह कलेश के नेतृत्व में जावर पुलिस उक्त ट्रेक्टर लुटेराें की खोज में देवास की और गये हैं। वहीं जावर पुलिस अभी उक्त घटना के बारे में कुछ भी बताने को तैयार नहीं है। एसडीओपी ओंकार सिंह कलेश ने बताया कि लुटेरों की खोज में देवास आये हैं, तथा खोजबीन जारी है। उक्त ट्रेक्टर की कीमत 3 लाख 60 हजार बताई जा रही है। श्री कलेश ने बताया कि उक्त ट्रेक्टर कम्पनी से डीलर के यहाँ पर ले जाया जा रहा था और जावर क्षेत्र में उक्त घटना घट गई।

यहाँ के यह हैं राजकुमार...?सीहोर जेल की व्यथा कथा

सीहोर 18 अक्टूबर (नि.सं.)। सीहोर में स्थित उपजेल अव्यवस्थाओं की शिकार तो है ही वहीं भ्रष्टाचार का आलम यह है कि यहाँ कोई लोक लाज का डर भी नहीं। क्षमता से अधिक भरे कैदी, गंगदी, बदबू, मच्छर से परेशान हैं, उधर उन्हे भोजन भी ठीक और भरपेट नहीं मिलता। मजेदार बात यह भी है कि यहाँ बंदी कहीं अधिक है जो विचाराधीन हैं। सजायाफ्ता कुछ ही हैं, लेकिन विचाराधीन कैदी आठ पन्द्रह दिन या एक माह भी रुक जाये तो उसे महिनों की कैद-सी सजा लगती है।

       शहर के बीचों बीच मुख्य स्थान पर स्थित इस जेल में कैदी से मिलना हो तो प्रहरी साहब को भेंट चढ़ाना आवश्यक है। अगर किसी मामले में 10 विचाराधीन कैदी हैं और उससे मिलना हो तो 100 रुपये की भेंट चढ़ानी ही होगी। सुकुन के दो पल बात करनी हो तो प्रहरी साहबों को चाय पान की अतिरिक्त सेवा करनी होगी। दिन भर मिलने वालों का तांता लगा रहता है और दिन भर ही यह क्रम चलता है। अगर आप यादा समझदार बन रहे हो तो नियम कायदे सामने बता दिये जाते हैं। विचाराधीन कैदियों को फल दूध भी देना हो तो उतना ही चढ़ावा जेल को चढ़ाना होगा ? कितने ही पढ़े लिखे और नियम कायदों को समझने वाले हो सब इनके आगे बेकार हैं क्योंकि सीधी धोंस यह रहती है कि जेल में जगह नहीं है आपका ट्रांसफर बड़ी जेल में कर दिया जायेगा कैदी यहाँ से जाना नहीं चाहता।

      जेल में जेलर साहब के समय-समय पर दर्शन होते हैं जिसका पूरा लाभ प्रहरी लोग उठाते हैं। शिकायतकर्ता जेल के चक्कर लगा-लगाकर थक जाये जेलर किस्मत भरोसे ही मिलेंगे। जेल में अव्यवस्थाओं का आलम यह है कि यहाँ क्षमता से अधिक कैदी भरे हैं जो वेरकों में ठीक ढंग से रह भी नहीं पाते।

      उधर गंदगी और बदबू पूरे जेल परिसर में इतनी अधिक है कि निरोगी कैदी भी बाहर निकले तो रोगी हो जाये। जेल प्रहरी अंदर जाने को तैयार नहीं रहते उनका काम बाहर से ही चलता है। जेल में कैदियों को भरपेट खाना नहीं मिलता। लेकिन जेल में बंद कैदी शिकायत किससे करें। शिकायत सुनने वाला कोई वरिष्ठ अधिकारी आता ही नहीं। जेल का निरीक्षण और उसकी व्यवसथा देखने का अधिकार अधिकारियों के पास है लेकिन इस अधिकार का किसी ने उपयोग ही नहीं किया। यही कारण है कि सब कुछ मनमर्जी से चल रहा है।

      हालांकि सीहोर में नई जेल बनकर तैयार हो गई है। मामूली काम को लेकर साल भर से इसका उद्धाटन रुका हुआ है। यह जेल जमोनिया रोड पर बनाई गई है। आधुनिक साज-सजा से बनी इस जेल का निरीक्षण स्वयं जेल मंत्री अधिकारियों के साथ चार माह पहले कर चुके हैं। उन्होने जल्द से जल्द प्रारंभ करने के आदेश दिये थे लेकिन आज भी उसकी स्थिति वैसी की वैसी ही है। यह सही है कि नये जेल भवन से उन लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ेगी जिनके संबंधी इसमें बंद होंगे क्योंकि यह जेल सीहोर न्यायालय से 6 किलो मीटर दूर है। यहाँ आने जाने का भाड़ा काफी महंगा होगा।

काकी के लिये भी काका जुगाड़ में...

सीहोर 18 अक्टूबर (नि.सं.)। कांग्रेस के एक और कद्दावर नेता प्रमोद पटेल को लेकर भी नगर के कांग्रेसी हल्कों में चर्चाएं सरगर्म हैं। अब तक खुद के लिये टिकिट मांगने वाले काका ने अब पहली बार काकी के लिये जुगाड़ बैठाने के प्रयास शुरु किये हैं, और वह काकी का नाम चर्चाओं में भी ला चुके हैं, प्रमोद पटेल दिल्ली में हैं, आज उन्होने दिल्ली से फुरसत से बातचीत की, और कहा कि मेरे लम्बे कांग्रेस के समर्पित जीवन का कुछ लाभ निश्चित ही मिलेगा।

      दिग्विजय सिंह के करीबी और मित्र माने जाने वाले सीहोर के वजनदार कांग्रेस नेता प्रमोद पटेल इन दिनों दिल्ली में हैं और लगातार आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर पूरी गंभीरता से लगे हुए हैं। आज दिल्ली में उनसे जब फुरसत ने बातचीत की तो उन्होने बताया कि दिल्ली में तो कोई हवा भी नहीं चलती और कोई अफवाह भी नहीं आती, वहाँ सीहोर में जो चल रहा है उसका मुझे मालूम नहीं। जब काका से पूछा कि क्या काकी के लिये आप पूरे प्रयास कर रहे हैं तो उन्होने कहा कि हाँ प्रयास हैं। काका का कहना था कि 30 से अधिक वर्षों से कांग्रेस के प्रति समर्पित जीवन जिया है, और हमने सभी वरिष्ठ नेताओं तक अपनी बात पहुँचाई है, निश्चित ही हम प्रयास में सफल होंगे। उन्होने कहा कि हमने कई लोकसभा और विधानसभा चुनावों में कांग्रेस का काम किया है....।  फुरसत सूत्रों के अनुसार प्रमोद पटेल काकी श्रीमति कोकिला बेन पटेल के लिये विधानसभा चुनाव की जोरदार मांग कर रहे हैं। पटेल के लिये जहाँ दिग्विजय सिंह, योतिरादित्य सिंधिया आदि नेता पक्ष में है वहीं अजीज कुरैशी भी उनके पक्ष में हैं। देखते हैं काका, काकी के लिये क्या वाकई टिकिट लेकर आते हैं...? प्रमोद पटेल द्वारा महिला टिकिट की मांग करते हुए जिस प्रकार काकी का नाम चलाया है उससे अन्य लोगों के लिये अड़चने पैदा हो गई हैं।

सीवन नदी के बहते पानी को रोकने के प्रयास तेज

      सीहोर 18 अक्टूबर (नि.सं.)। सीवन नदी के लगातार बहते पानी की तरफ मुख्य नगर पालिका अधिकारी ने ध्यान देते हुए यहाँ दो दिन पूर्व आदेश जारी किये थे कि सभी मोहरे व पुल बांधे जाये। इसी तारतम्य में इलाही माता पुल पर कल चद्दर लगाई गईं लेकि न यहाँ कुछ चद्दरे चोरी चली जाने के बाद अभी पूरी नहीं लग पाई है जिससे नदी में पानी रुक नहीं पा रहा है। इस वर्ष वैसे ही पानी की कमी है उस पर चद्दर चोरों के कारण यह नई समस्या और सामने आ गई है।

      उधर कर्बला पुल के पास से हालांकि बहुत पानी बह चुका है लेकिन कल यहाँ नगर पालिका ने जेसीबी मशीन के सहारे कार्य शुरु किया था। यहाँ पुल के एक मोहरे का पटिया उचका गया था और इससे लगातार पानी बह रहा था। कल जेसीबी मशीन ने यहाँ मिट्टी भरकर मोहरे को बंद कर दिया जिससे पानी रुक गया। यहाँ पुल के ऊपर भी मोहरे बांधे जाते थे लेकिन उस तरफ नगर पालिका ध्यान नहीं दे पा रही है। नगर पालिका अध्यक्ष ने भी इस मामले में अब तक रुचि नहीं दिखाई।

महाविद्यालय का गौरव यशपाल ठाकुर एक साथ जीते 3 पदक

      आष्टा 18 अक्टूबर (नि.प्र.)वक्त आने दे बतायेगें तुझे ऐ आसमां,  हम अभी से क्या बताऐं क्या हमारे दिल में है। रामप्रसाद बिस्मिल की उपरोक्त पंक्तियों को चरितार्थ करके दिखाया है, शासकीय स्नातक महाविद्यालय, आष्टा के बी.ए. प्रथम वर्ष के मेघावी ऊर्जावान, मृदुभाषी छात्र यशपाल ठाकुर ने। संभाग स्तर पर आयोजित बांस कूद प्रतियोगिता में स्वर्ग पदक हासिल कर राज्य स्तर के लिए इनका चयन हुआ। इसके साथ ही इन्होंने भाला फेंक में रजत पदक तथा लम्बी कूद में कांस्य पदक सम्भाग स्तरीय प्रतियोगिता में जीता।

      एक कृषक परिवार में जन्म इस छात्र ने अपनी सफलता का श्रेय पिता रूपसिंह ठाकु र माता श्रीमति तेजूबाई ठाकुर तथा महाविद्यालय के प्रोफेसर हिमांशु राय श्रीवास्तव को दिया । उल्लेखनीय है कि इसके पूर्व भी इस सत्र में यशपाल ठाकुर का चयन राष्ट्रीय स्तर की कबड्डी प्रतियोगिता हेतु हो चुका है।

      महाविद्यालय के प्राचार्य डा. कपूरमल जैन ने यशपाल ठाकुर को बधाई देते हुए कहा कि वे आगे आने वाली प्रतियोगिताओं में भी विजय होकर महाविद्यालय व अपने परिवार का नाम रोशन करें।

      महाविद्यालय परिवार की ओर से प्रो. एल.डी. मोदी, प्रो. एस.सी. राठौर, प्रो. एच.आर. श्रीवास्तव, प्रो. एस.आई. अजीत, प्रो. रंजीता तेकाम, प्रो. देवेश कुमार माथुर, कु. शैलू वोहरा, जितेन्द्र मेवाड़ा, कु. शिल्पा झंवर, बलराम कुशवाह, सुमित सोनी, कु. जयति धारवां, कु. खदीजा सिद्दीकी आदि ने यशपाल ठाकुर को बधाई दी तथा आगामी प्रतियोगिता हेतू शुभकामनायें भी दी।.

सोयाबीन चोर पकड़े, ट्रेन से गिरने से अज्ञात युवक की मौत, केड़े को ऐसा लट्ठ मारा की मर गया व अन्‍य समाचार

खाचरौद 18 अक्टूबर। कल एक किसान के घर से दो छोटे बच्चों ने 10-15 किलो सोयाबीन चुराया और वहीं ग्राम में बेच दिया। बच्चाें को सोयाबीन चुराते हुए देख भी लिया गया था बाद में जब किसान खेत से घर लौटा तब उसने खोजते-खोजते इन दोनो सोयाबीन चोर बच्चों को धर दबोचा तथा पुलिस के सुपुर्द कर दिया। सिध्दिकगंज पुलिस से पूछा तो उसने बताया कि दो बच्चों को लाये हैं।

 ट्रेन से गिरने से अज्ञात युवक की मौत

      सीहोर 18 सितम्बर (नि.सं.) मण्डी थाना क्षेत्र में आज सुबह वकतल के बीच रेल्लवे ट्रेक पर ट्रेन से गिरने से एक अज्ञात युवक की मौत हो गई अज्ञात युवक जिसकी उम्र 20-22 साल हैं, बाये हाथ पर घड़ी बांधने की जगह पर जलने एवं फोड़े का बड़ा निशान हैं, जिसका रंग काला, चेहरा, छोटे बाल, हल्की मूंछे हैं और उसके बदन पर सफेद हरी बड़ी चौकड़ी की शर्ट बारीक लाल लाईन, एवं लोवर रेशमी हरा पहने हुये हैं जिस पर डॉन लिखा हैं। लम्बाई 5 फिट 4 इंच हैं। युवक के पास से एक सामान्य श्रेणी का टिकिट भी मिला हैं जिस पर न्यू फरक्का जक्शन से इन्दौर जक्शन लिखा हुआ हैं। मद्रासी-बिहारी जैसे दिखता हैं। मृतक युवक का बदन गठीला हैं। सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को बरामद कर पोस्ट मार्टम हेतु भेज मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरु कर दी हैं।

 शराबी बने परेशानी

      इछावर 18 अक्टूबर (नि.सं.)। बस स्टेण्ड पर आये दिन शराबियों का आतंक बढ़ता जा रहा है। गत दिवस देवी सिंह वर्मा से यहाँ एक शराबी ने मारपीट कर दी और उनका चाट नीचे फेंक दिया। इस तरह की घटनाएं आम हो गई हैं। इस क्षेत्र में एक पुलिस चौकी की आवश्यकता महसूस की जा रही है।

 

केड़े को ऐसा लट्ठ मारा की मर गया

      आष्टा 18 अक्टूबर (नि.सं.)। आज दिन में बड़खोला क्षेत्र में इस क्षेत्र के किसानों की मवेशी जंगल में चरते-चरते वन विभाग के जंगल में पहुँच गई।

      यहाँ पर तैनात नाकेदार ठाणे एवं उसका सहायक इब्राहिम खां एवं इब्राहिम खां के लड़के ने वन विभाग के जंगल में घुसी उक्त मवेशियों को पकड़ा इसमें से एक केड़े को ऐसा लट्ठ मारा की वो घटना स्थल पर ही मर गया।  उक्त केड़ा बड़खोला ग्राम के रणजीत सिंह का था। जो घटना के बाद सिध्दिकगंज थाने में शिकायत दर्ज कराने पहुँचा लेकिन शिकायत नहीं लिखी गई। बाद में उसने इसकी शिकायत तहसीलदार बिहारी सिंह से की। पकड़ी गई सभी मवेशियों को रोला गांव के कांजी हाउस में बंद कर दिया गया है मवेशियों की संख्या 35 बताई जाती है।

 

उपचार के दौरान पांच की मौत

      सीहोर 18 सितम्बर (नि.सं.)। कोतवाली एवं मण्डी थाना क्षेत्र में उपचार के दौरान पांच लोगों की मौत हो गई। सूचना पर पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच कर शुरू कर दी हैं।

      जानकारी के अनुसार कोतवाली थाना क्षेत्र के छोटी ग्वालटोली निवासी 40 वर्षीय वीरभान आ. कौशल प्रसाद को तथा बड़ी ग्वालटोली निवासी 29 वर्षीय गयाप्रसाद आ. विष्णु यादव को जहरीला पदार्थ सेवन करने से एवं एक 55 वर्षीय अज्ञात पुरुष को बीमार होने से उपचार    हेतु हमीदिया अस्पताल भोपाल में भर्ती कराया गया था जिनकी उपचार के दौरान मौत हो गई।

      इसी प्रकार मण्डी थाना क्षेत्र के ग्राम छापरीकलां निवासी 20 वर्षीय संतोष आ. रघुनाथ विश्वकर्मा को विच्छु के काटने से उपचार हेतु मौत हो गई। उधर बुदनी थाना क्षेत्र में बैलखेड़ी स्थित नर्मदा नदी पुल घाट के समीप से पुलिस ने एक 40-45 वर्षीय अज्ञात महिला का शव बरामद किया हैं। बताया जाता है कि मृतिका की मौत 4-5 दिन पूर्व पानी में डूबने के कारण हुई हैं। व लाश कई अन्यंत्र स्थान से बहकर आई है।इसी प्रकार कोतवाली थाना क्षेत्र में आज एक नवजात शिशु बच्ची की अस्पताल सीहोर में उपचार के दौरान मौत हो गई।

 

उपचार के दौरान भाई-बहन की मौत

      सीहोर 18 अक्टूबर (नि.सं.) ग्राम इटारसी निवासी एक बालिका एवं बालक की उपचार के दौरान भोपाल अस्पताल में मौत हो गई। सूचना पर पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरु कर दी है।

      प्राप्त जानकारी के अनुसार रेटी थाना अन्तर्गत आने वाले ग्राम इटारसी निवासी छगनलाल की 8 वर्षीय पुत्री श्वेता एवं 6 वर्षीय पुत्र आशीष को बीतें दिनों उपचार हेतु जे.पी. अस्पताल भोपाल में दाखिर कराया गया था जहां पर उपचार के दौरान दोनों भाई-बहन की मौत हो गई।

 

डेम में डूबने से वृद्ध की मौत

      सीहोर 18 अक्टूबर (नि.सं.) जावर थाना क्षेत्र के दुधी नदी स्थित डेम में एक 80 वर्षीय वृद्ध ग्रामीण की मौत हो गई। सूचना पर पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

      प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम काकड़ियाखेड़ी निवासी देवीसिंह आ. छतरसिंह सेंधव बीते 14 अक्टूबर की सुबह अपने घर से 6 बजे मानसिंह से यह कहकर की वह खड़ी में रहने वाले अपने पुत्र रतनसिंह के पास जा रहा है। किन्तु वह रतनसिंह के पास नहीं पहुंचा, जब मानसिंह दुधी नहीं तरफ शौच को गया तो देवसिंह की लाश उसे नदी में तैरती मिली। जिसकी धोती खुली हुई थी लाश को देखने से ऐसा प्रतीत हो रहा था कि देवसिंह शौच करने के पश्चात पानी लेने गया होगा जो गहरे पानी में फिसल जाने से डूब गया।

 

अलग-अलग सड़क हादसों में सात घायल

      सीहोर 18 सितम्बर (नि.सं.)। जिले के विभिन्न थाना क्षेत्र में घटित अलग-अलग सड़क हादसो में सात लोग घायल हो गये पुलिस ने सभी मामले दर्ज कर लिये हैं।

      जानकारी के अनुसार कोतवाली थाना क्षेत्र में बायपास मार्ग स्थित जहांगीरपुरा जोड के समीप बीती रात अज्ञात लाल रंग के ट्रेक्टर चालक ने अपने वाहन को तेजगति एवं लापरवाहीपूर्वक चलाते हुये देवरी रिछरी निवासी लखनलाल शर्मा की बाइक में सामने से टक्कर मार दी परिणाम स्वरूप लखनलाल एवं गणेश यादव घायल हो गये जिन्हें उपचार हेतु सीहोर अस्पताल में भर्ती कराया गया। वे दोनों बाइक से भोपाल से इंदोर की तरफ जा रहे थे।

      उधर मण्डी थाना क्षेत्र में गत दिवस राजमार्ग स्थित खोखरी के समीप पैदल जा रहे जताखेड़ा निवासी अमरसिंह को बाइक क्रमांक एमपी 42-बीए-1312 के चालक ने तेजगति एवं लापरवाही पूर्वक वाहन चलाते हुए पीछे से टक्कर मारकर घायल कर दिया। घायल अमरसिंह को जिला चिकित्सालय सीहोर में उपचार हेतू भर्ती कराया गया हैं।

      इसी प्रकार गणेश मंदिर स्थित गोपालपुरा के समीप बाइक क्रमांक एमपी-37 एमबी-1300 के चालक ने अपने वाहन को तेजगति एवं लापरवाही पूर्वक चलाते हुये 27 वर्षीय गोरेलाल एवं उसकी पत्नी गुड्डा उर्फ विनिता को केशर मशीन पर पैदल जाते समय टक्कर माकर घायल कर दिया। घायल गोरेलाल को उपचार हेतु सीहोर एवं उसकी पत्नी गुड्डा उर्फ विनिता को हमीदिया अस्पताल भोपाल में भर्ती कराया गया हैं।

      उधर आष्टा थाना क्षेत्र में राजमार्ग स्थित कचनारिया जोड के समीप टाटा वाहन क्रमांक एमपी-09 केए-7880 के चालक ने अपने वाहन को तेजगति एवं लापरवाहीपूर्वक चलाते हुये ग्राम लसूड़िया खास निवासी गोकल प्रसाद की बाइक में सामने से टक्कर मार दी। परिणामस्वरूप बाइक सवार गोकलप्रसाद एवं उसकी भतीजी रेखाबाई घायल हो गये जिन्हें प्राथमिक उपचार आष्टा के बाद सीहोर रेफर कर दिया गया हैं।

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Saturday, October 18, 2008

भाजपाईयों ने बड़े नेताओं से कहा : इछावर से चेहरा बदलो नहीं तो इस बार चाल बदल जायेगी, करण सिंह वर्मा को लेकर क्षेत्र में नाराजगी उभरी

सीहोर 17 अक्टूबर (विशेष संवाददाता)। भाजपा का अभेद गढ़ कहा जाने वाला इछावर विधानसभा क्षेत्र लगता है इस बार हर बार की तरह भाजपा के लिए उतना आसान नहीं है जितना हुआ करता था एवं समझा जा रहा है। मंत्री करण सिंह वर्मा के साथी ही इस बार एक तरह से उनके खिलाफ बगावत का बिगुल बजा चुके हैं वही क्षेत्र में विकास की गति धीमी रहने तथा मंत्री पद प्राप्त होने के बाद भी इछावर जैसे पिछड़े और उपेक्षित क्षेत्र का वे उतना विकास नहीं करा पाये जितना जनता को उम्मीद थी एक नहीं अनेको कारणों से इस बार क्षेत्र की जनता भी और अधिकांश कार्यकर्ता इछावर से लगातार 1985 से विजय होते आने वाले शिवराजसिंह चौहान मंत्री मण्डल के सदस्य इछावर के विधायक करणसिंह वर्मा के खिलाफ नाराजगी देखने को मिल रही  है वैसे यह भी कही ना कहीं सत्य है कि मंत्री करणसिंह वर्मा ने इस क्षेत्र में उतना दमदार नेता पैदा ही नहीं होने दिया जो उन्हें टक्कर दे सके लेकिन इस बार उन्हीं लोगों ने उनके खिलाफ विरोध का स्वर मुखर किया है जो आज तक करण सिंह वर्मा को ही टिकिट दिये जाने और उन्हें जिताने, उनका चुनाव संचालन करने का जिम्मा अपने कंधों पर लिये हुए रहते थे। क्षेत्र के वरिष्ठ नेता मंत्री करणसिंह वर्मा से इस लिए भी नाराज है कि उनकी कथनी और करनी में अब उन्हें अंतर नजर आने लगा है।

      जानकार सूत्रों के अनुसार मंत्री जी के लिए इस बार इछावर उतनी आसान नहीं है जितनी हमेशा होती थी मंत्री जी जो की खाती समाज के हैं और इस विधानसभा में खाती समाज के कुल 1 लाख 70 हजार मतदाताओं मेें से लगभग 35 से 40 हजार मतदाता खाती समाज के है जातीवाद के गणित से वे अभी तक टिकिट भी पाते रहे है और यह भी सत्य है कि वे इसी गणित से जीतते भी आये हैं लेकिन इस बार इस क्षेत्र के वरिष्ठ भाजपा नेता एवं हमेशा करण सिंह वर्मा के चुनाव के संचालक रहने वाले भाजपा के जिला महामंत्री लीलाधर जोशी ने मंत्री जी की कार्यप्रणाली कार्यकर्ताओं की उपेक्षा, विकास के कार्यो में रूचि ना लेने व अन्य कारणों से नाराज होकर मंत्री जी के खिलाफ बिगुल फूंक दिया है तथा क्षेत्र के कार्यकर्ताओं ने भोपाल पहुंचकर प्रदेश भाजपा के उन सभी नेताओं से भेंटकर जो टिकिट वितरण के प्रमुख है से कह दिया है की इछावर से चेहरा बदला जाये। जब प्रदेश ने उनसे पूछा दूसरा नाम बताओं तो एक नहीं 5-6 नाम प्रदेश को बताये जो नाम बताये उसमें लीलाधर जोशी, राधेश्याम कबाड़ी, सुहागमल मेवाड़ा, धरमसिंह वर्मा, भोपाल दुग्ध संघ अध्यक्ष, करणसिंह सेठी, महेन्द्र प्रगट, कैलाश पटेल, शंकरलाल शर्मा आदि प्रमुख है इन नामों में से तीन नाम ऐसे है जो खाती समाज के ही हैं और वे भी समाज में अपना प्रमुख स्थान रखते है।

      करण सिंह वर्मा से नाराजगी के कुछ कारणों इस क्षेत्र में कई सड़कों का निर्माण कार्य जो शुरु हुआ वो मंत्री जी की अनदेखी के कारण आज भी अधूरी पड़ी है जबकि उन सड़क को कभी का पूरा हो जाना था। ऐसे जो रोड है जो नाराजी के कारण बने है वे है भाऊखेड़ी से अमलाह मार्ग, इछावर से राम नगर मार्ग, 4 साल के बाद भी ये रोड अधूरे पड़े और ग्रामीणों के लिए परेशानी का कारण बने हैं वहीं इछावर में विश्रामगृह निर्माण का शुभारंभ हुआ था तब मंत्री जी ने घोषणा की थी की 3 माह में बनकर तैयार हो जायेगा। 3 माह के बदले 5 माह हो गये निर्माण पूरा हीं नहीं हुआ उल्टे उन्हें भूमिपूजन का पत्थर उदघाटन के बाद लोग फोड़ गये। मंत्री जी ने भूमिपूजन किया तब भाषणों में कहा की ये सडक गाल की तरह चिकनी बनेगी वो सडके उन्हें ही चिढ़ा रही है।

      इछावर विधानसभा का इतिहास :- सीहोर जिले की इछावर विधान सभा क्षेत्र भाजपा का अभेदगढ़ माना जाता है अभी तक हुए चुनाव में इस विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस के अजीज कुरैशी, हरिचरण वर्मा जीते वही जनता पार्टी से एक बार नारायण प्रसाद गुप्ता 1977 में जीते थे 1985 से 2003 तक पांच चुनावों में लगातार करण  सिंह वर्मा जीतते आये हैं। इस बार क्या होगा इसके लिए इंतजार करना होगा 2003 में करणसिंह वर्मा को बलवीर तोमर ने कड़ी टक्कर दी थी वही कांग्रेस के राधाकिशन को करण सिंह वर्मा ने 15 हजार से अधिक मतों से पराजित किया था यहां कांग्रेस गुटबाजी के कारण पराजित होती आई है इस बार कांग्रेस से अभय मेहता टिकिट पाने के लिए पूरी तरह से जुटे हुए है बलवीर तोमर भी दिल्ली में सम्पर्क में है अभय मेहता पचौरी समर्थक हैं वही बलवीर तोमर कमलनाथ के भरोसे हैं। वैसे उन्हे केन्द्र में अच्छा पद मिल चुका है फिर भी एक बार विधायक बनने के बरसों से सपना संजोये हुए हैं।

      नाराजी बनेगी परेशानी :- इछावर के वरिष्ठ नेता लीलाधर जोशी, राजेश खंडेलवाल, राधेश्याम कबाड़ी, धरम सिंह वर्मा, कैलाश पटेल जैसे धाकड तथा जनाधार वाले नेताओं की नाराजगी करण सिंह वर्मा को परेशान किये हुए है इस बार इछावर में भाजपा चिन्ता में है।

      राजेश खंडेलवाल से विवाद चर्चा का विषय है:- मंत्री करणसिंह वर्मा ने वर्षो से खास सीहोर के भाजपा नेता जिन्हें करण सिंह वर्मा का दायां हाथ कहा जाता है मंत्री जी से खंडेलवाल का विवाद और अलग होना पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। दवी जुबान से क्षेत्र के लोग इन दोनों के बीच के विवाद का कारण बिचौली ग्राम की किसी जमीन को बताते हे खुलकर कुछ नहीं बोलते है इससे लगता है कोई बड़ा मामला इन दोनों के बीच विवाद का कारण है जिसे क्षेत्र के लोग पूरी तरह से जानते हैं आज कल राजेश खंडेलवाल जो हमेशा मंत्री जी के साथ रहते थे उक्त विवाद के बाद साथ नहीं नहीं आ रहे है...मंत्री जी को शायद यह नहीं पता कि दाई से कभी पेट नहीं छुपता।

        कहां-कहां नाराजी व्यक्त की :- मंत्री जी को लेकर उठी नाराजी चेहरा बदलों की मांग को लेकर इस क्षेत्र के सेकड़ों भाजपा के कार्यकर्ताओं एवं नेताओं ने अपनी बात नरेन्द्र सिंह तोमर, सुंदरलाल पटवा, प्यारेलाल खंडेलवाल, कैलाश जोशी, माखनसिंह, भगवत शरण माथुर, अनिल दबे आदि को बताकर चेहरा बदलों की मांग कर दी है।

       चेहरा बदलना आसान नहीं :- लगातार 5 बार से विजय होने वाले इछावर के विधायक करण सिंह वर्मा के खिलाफ उठी आवाज को तो सुन ली है लेकिन यह भी सत्य है कि इछावर से मंत्री जी का टिकिट काटना उतना आसान नहीं है जितना नाराज कार्यकर्ता मानकर मांग कर रहे है। भाजपा पार्टी पूर्ववती वर्मा की जीत को देखते हुए आसानी से टिकिट बदल नहीं सकती दूसरे वर्मा के खिलाफ आवाज बुलंद करने वाले संयुक्त रुप से कुछ करते नजर नहीं आ रहे हैं। जिससे नेतृत्व के समक्ष खुला  विरोध प्रदर्शित नहीं हुआ है। यह अवश्य है कि पहली बार वर्मा के खिलाफ कुछ वातावरण अवश्य बना है। लेकिन इतना विरोध तो भाजपा को लगभग हर प्रत्याशी के खिलाफ देखने में आ रहा है।